कांग्रेसी कार्यकर्ताओं के मन की बात.दिल का दर्द जुबां तक आ ही गई..विधायक लक्ष्मी ध्रुव के खिलाफ फूटा आक्रोश
आरोप....पति के हस्तक्षेप और बाप बेटे की जुगलबंदी से कांग्रेस बैकफुट पर
उत्तम साहू
धमतरी/ नगरी (दबंग छत्तीसगढ़िया न्यूज ) 2018 के चुनाव में कांग्रेस पार्टी को एतिहासिक जीत दिलाने वाले कार्यकर्ता विगत पांच सालों से अपमान का कड़वा घूंट पीने मजबूर हैं कार्यकर्ताओं ने अपनी पीड़ा को हमारे प्रतिनिधि से साझा करते कहा कि कांग्रेस की सत्ता है फिर भी हमारी उपेक्षा की जा रही है, यह बातें 18 अगस्त को नगरी के कृषि उपज मंडी में कांग्रेस पार्टी के द्वारा चुनाव के मद्देनजर विधानसभा स्तरीय संकल्प शिविर आयोजित किया था, शिविर में पूरे विधानसभा क्षेत्र के हजारों कार्यकर्ता शामिल हुए थे
सम्मेलन के दौरान आखिरकार वरिष्ठ कांग्रेसीयों के दिल का दर्द जुबां तक आ ही गया, कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने दो टूक शब्दों में कहा है कि लक्ष्मी धुव्र की जगह किसी दूसरे उम्मीदवार को प्रत्याशी बनाया जाए अगर लक्ष्मी धुव्र को प्रत्याशी बनाया गया तो कार्यकर्ताओं ने काम नहीं करने की बात कहा, कुछ कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाते हुए कहा कि कोई भी कार्य में विधायक पति का अनावश्यक रूप से हस्तक्षेप और बाप बेटे की सलाहकारी से कार्यकर्ताओं का कोई नहीं सुनता, समस्या सुलझाने आवेदन दो तो कोई कार्यवाही नहीं होता, एक वरिष्ठ कार्यकर्ता ने बताया कि हम कांग्रेस के वरिष्ठ और सच्चे सिपाही हैं एवं कांग्रेस के लिए जीते हैं कांग्रेस के लिए मरते हैं लेकिन किसी का तलवा चाटना या चाटुकारिता करना हमें नहीं आता
उन्होंने भारी मन से बताया कि 15 साल के पश्चात कांग्रेस की सत्ता में वापसी हुई है जो इन सब कार्यकर्ताओं के ही परिणाम हैं, कार्यकर्ताओं में भूपेश की सरकार बनने के बाद बहुत खुश थे लेकिन कुछ दिनों में यह खुशी गायब हो गई, आज के नेतृत्व तलवा चांटने वाले मौका परस्त चापलूस लोगों से घिरी हुई है जिसके कारण पार्टी की बदनामी हो रही है, कार्यकर्ताओं को अपमानित होना पड़ता है, जिसके कारण क्षेत्र की जनता में नेतृत्व के प्रति भारी नाराजगी व्याप्त है, इसका खामियाजा पार्टी को आगामी चुनाव में भुगतना पड़ सकता है, कार्यकर्ताओं ने एक सुर में कहा है कि सिहावा विधानसभा में कांग्रेस की जीत सुनिश्चित करने लक्ष्मी धुव्र की टिकट काट कर किसी और को टिकट दिए जाने की पुरजोर वकालत किए हैं

