बेलरबहारा धान खरीदी केंद्र का विधायक अंबिका मरकाम ने किया निरीक्षण,
किसानों की समस्याओं पर अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश
उत्तम साहू
नगरी-सिहावा/ छत्तीसगढ़ में समर्थन मूल्य पर जारी धान खरीदी के दौरान किसानों को हो रही परेशानियों को लेकर सिहावा विधानसभा क्षेत्र की विधायक अंबिका मरकाम ने बेलरबहारा धान खरीदी केंद्र का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने किसानों से सीधे संवाद कर धान खरीदी से जुड़ी व्यावहारिक समस्याओं की जानकारी ली।
किसानों ने विधायक को बताया कि शासन द्वारा लागू की गई ऑनलाइन टोकन व्यवस्था ग्रामीण क्षेत्रों में नेटवर्क की कमजोरी और तकनीकी खामियों के कारण परेशानी का कारण बन रही है। कई बार सर्वर डाउन रहने, मोबाइल नेटवर्क की दिक्कत और तकनीकी त्रुटियों के चलते किसान समय पर टोकन नहीं कटवा पा रहे हैं, जिससे उन्हें बार-बार खरीदी केंद्र के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं। इससे किसानों को आर्थिक नुकसान के साथ-साथ मानसिक परेशानी भी झेलनी पड़ रही है।
किसानों ने यह भी शिकायत की कि टोकन में हो रही देरी के कारण धान का उठाव समय पर नहीं हो पा रहा है, जिससे खरीदी केंद्रों में भीड़ और अव्यवस्था की स्थिति बन रही है।
विधायक अंबिका मरकाम ने किसानों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए मौके पर मौजूद संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों से चर्चा की और स्पष्ट निर्देश दिए कि किसानों का टोकन निर्धारित समय-सीमा में काटा जाए तथा लाए गए धान का पूरा-पूरा उठाव सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि ऑनलाइन व्यवस्था किसानों की सुविधा के लिए बनाई गई है, न कि उन्हें परेशान करने के लिए, इसलिए नेटवर्क या तकनीकी कारणों से किसी भी किसान को परेशानी नहीं होनी चाहिए।
विधायक ने अधिकारियों को यह भी निर्देशित किया कि जिन क्षेत्रों में नेटवर्क की समस्या अधिक है, वहां व्यावहारिक और वैकल्पिक समाधान निकालते हुए किसानों को तत्काल राहत दी जाए, ताकि धान खरीदी की प्रक्रिया सुचारु रूप से संचालित हो सके।
निरीक्षण के दौरान विधायक की सक्रिय भूमिका से किसानों में संतोष का माहौल देखने को मिला। किसानों ने उम्मीद जताई कि विधायक के हस्तक्षेप और निर्देशों के बाद धान खरीदी में आ रही समस्याओं का शीघ्र समाधान होगा और पूरी प्रक्रिया अधिक पारदर्शी एवं सहज बनेगी।
इस अवसर पर स्थानीय कार्यकर्ता एवं जनप्रतिनिधि भी उपस्थित रहे, जिनमें भानेंद्र ठाकुर, प्रमोद कुंजाम, अभिषेक बंजारे, मयंक ध्रुव, तामेश्वरी साहू, श्रीधन सोम, मोहन जालेश, नरेश मांझी सहित बड़ी संख्या में क्षेत्र के किसान मौजूद थे।

