मलेरिया-डेंगू से बचाव के लिए सतर्कता जरूरी, जल शुद्धिकरण पर विशेष जोर
क्लोरीन टेबलेट का वितरण कर शुद्ध पेयजल के उपयोग के लिए किया जा रहा जागरूक
उत्तम साहू,धमतरी, 9 अगस्त 2026। बारिश के मौसम में जलजनित एवं मच्छरजनित बीमारियों की आशंका को देखते हुए जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग द्वारा मलेरिया, डेंगू सहित अन्य संक्रामक बीमारियों की रोकथाम के लिए सतत निगरानी एवं जनजागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में जल स्रोतों के शुद्धिकरण पर विशेष ध्यान देते हुए क्लोरीन टेबलेट का वितरण किया जा रहा है। इसके साथ ही हैंडपंप, कुएं और अन्य जलस्रोतों के नियमित क्लोरीनीकरण की कार्रवाई की जा रही है।
कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा ने जिलेवासियों से बारिश के मौसम में स्वच्छता और स्वास्थ्य के प्रति विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। उन्होंने कहा कि मलेरिया, डेंगू एवं जलजनित बीमारियों की रोकथाम में प्रशासन के प्रयासों के साथ जनभागीदारी भी बेहद जरूरी है। उन्होंने नागरिकों से घरों और आसपास पानी जमा नहीं होने देने, पेयजल को सुरक्षित एवं शुद्ध रखने तथा बुखार या बीमारी के लक्षण दिखाई देने पर तत्काल नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में जांच कराने की अपील की।
स्वच्छ पेयजल और खान-पान पर रखें विशेष ध्यान
बारिश के दौरान उल्टी-दस्त, बुखार, पीलिया, मलेरिया और आंत्रशोध जैसी बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। इससे बचाव के लिए स्वच्छ एवं सुरक्षित पेयजल का ही उपयोग करें। सड़े-गले फल एवं सब्जियों का सेवन करने से बचें। दस्त होने पर शरीर में पानी और आवश्यक लवणों की कमी को दूर करने के लिए लो-ऑस्मोलर ओआरएस घोल का सेवन करने की सलाह दी गई है।
मच्छरों से बचाव के लिए अपनाएं सावधानी
मलेरिया संक्रमित मादा एनाफिलीज मच्छर के काटने से फैलता है। इसके प्रमुख लक्षण ठंड के साथ बुखार, सिरदर्द तथा हाथ-पैर में दर्द आदि हैं। मलेरिया से बचाव के लिए घर एवं आसपास पानी जमा न होने दें, सोते समय मच्छरदानी का उपयोग करें और मच्छरों से बचाव के अन्य उपाय अपनाएं। जिले के सभी शासकीय स्वास्थ्य केंद्रों में मलेरिया की जांच एवं उपचार की सुविधा उपलब्ध है।
डेंगू एडीज मच्छर के काटने से होने वाला वायरल संक्रमण है। इसके प्रमुख लक्षण तेज बुखार, सिरदर्द तथा मांसपेशियों और जोड़ों में दर्द हैं। डेंगू से बचाव के लिए कूलर, बाल्टी, गमले, पुराने टायर एवं अन्य पात्रों में पानी जमा न होने दें। घर और आसपास स्वच्छता बनाए रखने के साथ खिड़की-दरवाजों पर जाली का उपयोग करें तथा शरीर को ढकने वाले कपड़े पहनें।
‘हर रविवार, मच्छर पर वार’ का संदेश
जिला प्रशासन ने नागरिकों से ‘हर रविवार, मच्छर पर वार’ की भावना के साथ घर एवं आसपास जमा पानी की नियमित सफाई करने की अपील की है। किसी भी प्रकार का बुखार या संदिग्ध लक्षण दिखाई देने पर स्वयं दवा लेने के बजाय चिकित्सकीय सलाह लेने कहा गया है। शासकीय स्वास्थ्य संस्थाओं में आवश्यक जांच एवं उपचार की सुविधाएं उपलब्ध हैं।


