सड़कों पर थम नहीं रहा मौत का कहर
तेज रफ्तार ट्रक ने फिर ली युवक की जान, चार दिन में चौथी मौत
एक महीने में 25 लोगों की मौत ने खड़े किए सुरक्षा पर सवाल
सरोना से डा.बलराम सिंह साहू
कांकेर। जिले की सड़कों पर तेज रफ्तार और लापरवाही अब जानलेवा बनती जा रही है। मंगलवार को नरहरपुर थाना क्षेत्र के अमोड़ा गांव में एक और दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। सड़क किनारे खड़े युवक को तेज रफ्तार ट्रक ने कुचल दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद ट्रक चालक वाहन छोड़कर फरार हो गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, धान से लदा ट्रक नरहरपुर से कांकेर की ओर जा रहा था। उसी दौरान बाइक से दो युवक नरहरपुर से मर्दापोटी (कांकेर) की ओर आ रहे थे। चनार के पास एक युवक बाइक खड़ी कर सड़क किनारे रुका था, तभी लापरवाही से आ रहे ट्रक ने उसे चपेट में ले लिया। दूसरा युवक ट्रक को अपनी ओर आता देख समय रहते हट गया, जिससे उसकी जान बच गई। मृतक की पहचान दुर्गेश कुमेटी, निवासी आवास पारा मर्दापोटी के रूप में हुई है।
यह हादसा कोई अकेली घटना नहीं है। जिले में बीते चार दिनों में अलग-अलग सड़क दुर्घटनाओं में चार लोगों की मौत हो चुकी है। शनिवार को यात्री बस और बाइक की भिड़ंत में बाप-बेटे की दर्दनाक मौत हुई थी। इसके अगले ही दिन उसी स्थान पर हुए एक अन्य हादसे में मेटाडोर की चपेट में आने से एक महिला की जान चली गई।
आंकड़े और भी भयावह तस्वीर पेश कर रहे हैं। जनवरी 2026 से अब तक कांकेर जिले में 31 सड़क हादसे दर्ज किए गए हैं, जिनमें 25 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 53 लोग घायल हुए हैं। लगातार बढ़ते हादसों ने यातायात व्यवस्था, तेज रफ्तार भारी वाहनों और सड़क सुरक्षा उपायों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
स्थानीय लोगों में आक्रोश है। उनका कहना है कि भारी वाहनों की बेलगाम रफ्तार, पुलिस की कमजोर निगरानी और सड़क किनारे सुरक्षा इंतजामों की कमी आम लोगों की जान पर भारी पड़ रही है। अब देखना होगा कि प्रशासन इन लगातार हो रही मौतों को रोकने के लिए ठोस कदम कब उठाता है, या यूं ही सड़कों पर मौत का सिलसिला जारी रहेगा।

