ममता शर्मसार: रायपुर से धमतरी आई बस में मासूम को लावारिस छोड़ भागी माँ
धमतरी/ धमतरी बस स्टैंड पर गुरुवार को एक ऐसी हृदयविदारक घटना घटी जिसने मानवीय संवेदनाओं को झकझोर कर रख दिया है। एक अज्ञात महिला अपने लगभग 4-5 माह के कलेजे के टुकड़े को चलती बस की सीट पर बिलखता छोड़ कर फरार हो गई।
नकाबपोश महिला ने रची साजिश
प्राप्त जानकारी के अनुसार, 26 फरवरी को रायपुर से धमतरी आ रही एक बस में पचपेड़ी नाका से एक महिला सवार हुई थी। महिला ने पहचान छिपाने के उद्देश्य से अपने चेहरे को स्कार्फ से पूरी तरह ढका हुआ था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, महिला की गोद में एक छोटा बच्चा था जिसे वह संभाल रही थी।
सवारियां उतरीं, तो गूंजी रोने की आवाज
दोपहर लगभग 3:15 बजे जब बस धमतरी स्टैंड पहुँची, तो सभी यात्री बस से नीचे उतर गए। कुछ देर बाद बस के भीतर से किसी बच्चे के जोर-जोर से रोने की आवाज सुनाई दी। जब बस स्टाफ ने अंदर जाकर देखा, तो एक सीट पर मासूम बच्चा अकेला पड़ा मिला। महिला का कहीं अता-पता नहीं था, वह चकमा देकर बस स्टैंड की भीड़ में गायब हो चुकी थी।
पुलिस और चाइल्ड लाइन ने संभाला मोर्चा
घटना की गंभीरता को देखते हुए बस स्टाफ ने तत्काल कोतवाली पुलिस और चाइल्ड लाइन को सूचित किया। मौके पर पहुँची टीम ने बच्चे को अपने संरक्षण में लिया और जिला अस्पताल पहुँचाया। यहाँ डॉ. अखिलेश देवांगन ने बच्चे का स्वास्थ्य परीक्षण किया और उसे पूरी तरह स्वस्थ बताया।
आगे की कार्रवाई: सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही पुलिस
चाइल्ड लाइन की नीलम साहू ने बताया कि यह बच्चा एक लड़का है और इसकी उम्र 4 से 5 माह के बीच है। फिलहाल बच्चे को बाल कल्याण समिति (CWC) की देखरेख में रखा गया है, जिसे बाद में विशेष दत्तक ग्रहण एजेंसी, कांकेर के सुपुर्त किया जाएगा। पुलिस अब बस स्टैंड और शहर के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि उस निर्दयी महिला की पहचान की जा सके।
बड़ा सवाल: आखिर वह महिला कौन थी और उसने अपने ही बच्चे को इस तरह छोड़ने जैसा कठोर कदम क्यों उठाया? क्या यह किसी मजबूरी का नतीजा है या इसके पीछे कोई गहरी साजिश है?

