धमतरी में बनेगा 500 सीटर सैनिक स्कूल, युवाओं को मिलेगा राष्ट्रीय स्तर का अवसर
उत्तम साहू
धमतरी, 29 अप्रैल 2026। जिले के लिए एक बड़ी और गौरवपूर्ण पहल सामने आई है। धमतरी में 500 सीटों की क्षमता वाला सैनिक स्कूल स्थापित करने का प्रस्ताव राज्य स्तर से स्वीकृत होकर रक्षा मंत्रालय को भेज दिया गया है। अब इस परियोजना पर केंद्र स्तर पर आगे की प्रक्रिया जारी है, जिससे इसके जल्द साकार होने की उम्मीद बढ़ गई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, प्रस्तावित सैनिक स्कूल रायपुर संभाग ही नहीं, बल्कि पूरे प्रदेश का सबसे बड़ा सैनिक स्कूल होगा। इसे अत्याधुनिक सुविधाओं और उच्च स्तरीय अधोसंरचना के साथ विकसित किया जाएगा। रक्षा मंत्रालय की टीम द्वारा जल्द ही संभावित स्थल का निरीक्षण किया जाएगा, जिसके बाद अंतिम चयन और निर्माण प्रक्रिया शुरू होने की संभावना है।
इस सैनिक स्कूल की स्थापना से धमतरी सहित आसपास के जिलों के विद्यार्थियों को राष्ट्रीय स्तर की गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सकेगी। यहां छात्रों को अनुशासित माहौल में शैक्षणिक, शारीरिक और नेतृत्व क्षमता के समग्र विकास का अवसर मिलेगा। खासतौर पर भारतीय सशस्त्र बलों में करियर बनाने वाले युवाओं के लिए यह संस्थान मजबूत आधार तैयार करेगा। सैनिक स्कूलों के जरिए राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (NDA) सहित अन्य प्रतिष्ठित संस्थानों में प्रवेश के अवसर भी बढ़ते हैं।
विद्यालय परिसर में आधुनिक कक्षाएं, खेल मैदान, छात्रावास, पुस्तकालय और प्रशिक्षण केंद्र जैसी सुविधाएं विकसित की जाएंगी, जिससे विद्यार्थियों को उत्कृष्ट शैक्षणिक वातावरण मिलेगा।
कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा ने इसे जिले के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि बताते हुए कहा कि राज्य स्तर से प्रस्ताव का रक्षा मंत्रालय को भेजा जाना बड़ी प्रगति है। जिला प्रशासन इस परियोजना को प्राथमिकता देते हुए सभी आवश्यक तैयारियां कर रहा है, ताकि निरीक्षण प्रक्रिया सफलतापूर्वक पूरी हो सके।
उन्होंने कहा कि यह संस्थान न केवल गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देगा, बल्कि युवाओं में राष्ट्र सेवा की भावना भी मजबूत करेगा। साथ ही इस परियोजना से स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे, जिससे जिले के सामाजिक और आर्थिक विकास को गति मिलेगी।
जिला प्रशासन द्वारा भूमि चयन, अधोसंरचना और अन्य व्यवस्थाओं पर तेजी से कार्य किया जा रहा है। धमतरी में सैनिक स्कूल की स्थापना से जिले की पहचान को नई ऊंचाइयां मिलने की उम्मीद है और यह प्रदेश के युवाओं के लिए एक सुनहरा अवसर साबित होगा।

