ग्राम पंचायत बोराई में 30 दिवसीय राजमिस्त्री प्रशिक्षण का समापन, 35 ग्रामीण युवा बने हुनरमंद

0

 

ग्राम पंचायत बोराई में 30 दिवसीय राजमिस्त्री प्रशिक्षण का समापन, 35 ग्रामीण युवा बने हुनरमंद

आत्मनिर्भरता की ओर बढ़े कदम, आधुनिक निर्माण तकनीकों का मिला प्रशिक्षण



                          उत्तम साहू 

नगरी/धमतरी, 1 जुलाई 2026। ग्रामीण युवाओं को कौशल विकास के माध्यम से स्वरोजगार से जोड़ने की दिशा में ग्राम पंचायत बोराई में आयोजित 30 दिवसीय राजमिस्त्री प्रशिक्षण कार्यक्रम का बुधवार को मूल्यांकन (असेसमेंट) के साथ गरिमामय समापन हुआ। ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (RSETI) धमतरी द्वारा आयोजित इस प्रशिक्षण का उद्देश्य ग्रामीण युवाओं को तकनीकी दक्षता प्रदान कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाना रहा।

प्रशिक्षण कार्यक्रम में ग्राम पंचायत बोराई एवं उसके आश्रित गांवों के 35 युवाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। पूरे 30 दिनों तक चले इस व्यावहारिक प्रशिक्षण में प्रतिभागियों को भवन निर्माण से जुड़ी आधुनिक तकनीकों, ईंट चिनाई, प्लास्टर, लेवलिंग, माप-जोख, गुणवत्ता नियंत्रण सहित राजमिस्त्री कार्य के विभिन्न पहलुओं की बारीक जानकारी दी गई।

इस दौरान मास्टर ट्रेनर पुरुषोत्तम निषाद (जिला बालोद) ने अपने अनुभव के आधार पर प्रशिक्षणार्थियों को तकनीकी दक्षता प्रदान की। प्रशिक्षण के अंतिम दिन सभी प्रतिभागियों का मूल्यांकन किया गया, जिसके बाद कार्यक्रम का विधिवत समापन हुआ।

समापन अवसर पर ग्राम पंचायत के सरपंच, सचिव, पंचगण एवं अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। वहीं आरसेटी धमतरी के फैकल्टी एवं परीक्षा प्रभारी रितेश सिन्हा ने मूल्यांकन प्रक्रिया का पर्यवेक्षण करते हुए प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया।

प्रशिक्षण के दौरान युवाओं ने आधुनिक निर्माण तकनीकों का व्यवहारिक ज्ञान प्राप्त किया, जिससे वे अब कुशल राजमिस्त्री के रूप में रोजगार प्राप्त करने के साथ-साथ स्वयं का निर्माण कार्य शुरू कर आत्मनिर्भर बनने की दिशा में कदम बढ़ा सकेंगे। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे कौशल विकास कार्यक्रम ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के साथ युवाओं के पलायन को रोकने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले प्रमुख अभ्यर्थियों में राजेश कुमार निर्मलकर, राजेश मरकाम, छविलाल यादव, मुकेश मरकाम, माखन नेताम, मोरध्वज मरकाम, रघुराम मरकाम, श्रीराम नेताम, सुरेन्द्र कुमार साहू, भूपेन्द्र ध्रुव, विजय नेताम, किशोर कुंजाम, मिथिलेश साहू, राधेश्याम साहू, जागेश्वर ध्रुव, चन्द्रकुमार नेताम, जगदीश ध्रुव, सुकलेश नेताम, धनराज ध्रुव, रोहन साहू, माधव ध्रुव, कीर्तन साहू, लोभेश ध्रुव, राजकुमार मरकाम, चन्द्रप्रकाश मरकाम, रायसिंह नेताम, दिनेश नेताम, खिलेश्वर नेताम, दिनेश मरकाम सहित कुल 35 प्रशिक्षणार्थी शामिल रहे।

यह प्रशिक्षण कार्यक्रम ग्रामीण युवाओं के लिए केवल तकनीकी शिक्षा का माध्यम नहीं, बल्कि आत्मनिर्भर भारत की अवधारणा को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ। अब ये प्रशिक्षित युवा अपने कौशल के बल पर सम्मानजनक आजीविका अर्जित करने के साथ क्षेत्र के विकास में भी अहम योगदान देंगे।

Post a Comment

0Comments

Please Select Embedded Mode To show the Comment System.*

#buttons=(Accept !) #days=(20)

Our website uses cookies to enhance your experience. Learn More
Accept !