बारिश बनी काल: पानी से भरे गहरे गड्ढे में गिरने से भाई-बहन की मौत..परे गांव में मातम
घर के बाहर खेलते-खेलते हुआ दर्दनाक हादसा, देर तक नहीं लौटे तो तलाश में निकले परिजन; 10-12 फीट गहरे पानी में मिले दोनों मासूम
पांडुका/गरियाबंद। लगातार हो रही बारिश के बीच गरियाबंद जिले के नगर पंचायत कोपरा से एक ऐसा हृदयविदारक हादसा सामने आया है, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। घर के बाहर खेल रहे मासूम भाई-बहन बारिश के पानी से लबालब भरे एक गहरे घुरवा गड्ढे में गिर गए। जब तक ग्रामीण उन्हें बाहर निकाल पाते, तब तक दोनों की सांसें थम चुकी थीं। इस हादसे के बाद पूरे गांव में मातम पसरा है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
जानकारी के अनुसार, तर्रा रोड निवासी बिसेलाल साहू के पोते योगेश साहू और पोती सुमन साहू रविवार को बारिश रुकने के बाद घर के बाहर खेल रहे थे। खेलते-खेलते दोनों घर के पास स्थित कचरा फेंकने के गहरे घुरवा गड्ढे तक पहुंच गए। लगातार बारिश के कारण गड्ढे में करीब 10 से 12 फीट तक पानी भरा हुआ था। आशंका है कि पैर फिसलने से दोनों एक साथ गहरे पानी में गिर गए और डूब गए।
जब देर तक नहीं लौटे तो मची अफरा-तफरी
काफी समय तक बच्चे घर नहीं पहुंचे तो परिजनों की चिंता बढ़ गई। ग्रामीणों के साथ उनकी तलाश शुरू की गई। खोजबीन के दौरान दोनों मासूम उसी पानी से भरे गड्ढे में मिले। ग्रामीणों ने तत्काल बाहर निकालकर बचाने की कोशिश की, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी।
सूचना मिलते ही पांडुका पुलिस मौके पर पहुंची। पंचनामा कार्रवाई के बाद दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। प्रारंभिक जांच में मौत का कारण डूबना माना जा रहा है। अंतिम पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद होगी।
उठे सुरक्षा पर सवाल
इस हादसे के बाद ग्रामीणों में गहरा आक्रोश है। उनका कहना है कि यदि खुले और गहरे घुरवा गड्ढों की समय रहते घेराबंदी कर दी जाती, चेतावनी बोर्ड लगाए जाते और सुरक्षा व्यवस्था की जाती, तो दो मासूम जिंदगियां बच सकती थीं।
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि—
- खुले गहरे गड्ढों की तत्काल घेराबंदी कराई जाए।
- चेतावनी बोर्ड लगाए जाएं।
- भविष्य में ऐसे हादसों की रोकथाम के लिए सुरक्षा इंतजाम किए जाएं।
- पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता प्रदान की जाए।

