माता-पिता की हत्या के बाद कमरे में बंद किए शव, फरार बेटा गिरफ्तार
सरगुजा। धौरपुर थाना क्षेत्र के ग्राम सपड़ा के परसापारा में सामने आए सनसनीखेज माता-पिता हत्याकांड की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। पुलिस ने मामले में मृतक दंपती के फरार बड़े बेटे जदू यादव (34) को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में आरोपी ने पारिवारिक विवाद के चलते टांगी से हमला कर अपने माता-पिता की हत्या करना स्वीकार किया है।
मामले का खुलासा उस वक्त हुआ, जब मृतक हीराधर यादव (55) और उनकी पत्नी गुलाबी यादव (50) के शव उनके पुराने मकान के एक कमरे से बोरे में बंद हालत में बरामद हुए। दोनों शवों को कमरे में रखने के बाद आरोपी ने बाहर से ताला लगा दिया था।
बताया गया कि रविवार रात हीराधर यादव अपनी पत्नी और बड़े बेटे जदू के साथ पुराने मकान में सोए थे। सोमवार सुबह घर के दरवाजे बाहर से बंद मिलने पर परिवार के लोगों को संदेह हुआ। मृतक दंपती का छोटा बेटा मोहन यादव जब दूध लेने घर पहुंचा तो उसने सुकृत नागेश के साथ मिलकर माता-पिता और बड़े भाई की तलाश शुरू की।
घर के एक कमरे में ताला लगा मिला। ताला तोड़कर अंदर जाने पर बोरे में बंद दोनों शव देखकर परिजनों के होश उड़ गए। सूचना मिलते ही धौरपुर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। घटनास्थल की जांच के दौरान कमरे की दीवार पर खून के छींटे मिले, जबकि शव मिलने वाले स्थान पर ताजा गोबर से लिपाई किए जाने के निशान भी मिले।
वारदात के बाद से जदू यादव लगातार फरार था। पुलिस को उसकी भूमिका पर संदेह था और उसकी तलाश के लिए टीम जुटी हुई थी। आखिरकार पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने कथित तौर पर बताया कि पारिवारिक विवाद के दौरान उसने टांगी से माता-पिता पर हमला किया, जिससे दोनों की मौत हो गई। इसके बाद उसने शवों को बोरे में बांधा, कमरे में रखा और ताला लगाकर मौके से फरार हो गया।
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1) और 238 के तहत अपराध दर्ज कर उसे न्यायालय में पेश किया है। पुलिस मामले में हत्या के कारण और घटनाक्रम से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।
एक ही घर में माता-पिता की हत्या और बेटे के फरार होने की घटना से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। घटना के बाद गांव में भी तरह-तरह की चर्चाएं हैं। पुलिस की आगे की जांच के बाद मामले से जुड़े अन्य तथ्य सामने आने की संभावना है।

