खाद-कीटनाशक बिक्री में गड़बड़ी पर कृषि विभाग सख्त, एक लाइसेंस निलंबित और दो विक्रेताओं पर रोक
उत्तम साहू
धमतरी, 19 अगस्त 2026। किसानों को गुणवत्तापूर्ण उर्वरक एवं कीटनाशक निर्धारित दर पर उपलब्ध कराने के लिए कृषि विभाग ने जिले में निगरानी और कार्रवाई तेज कर दी है। कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा के निर्देशन में कृषि विभाग की टीम द्वारा सहकारी समितियों के साथ-साथ निजी खाद-बीज एवं कीटनाशक विक्रय केंद्रों का निरीक्षण किया जा रहा है। जांच में नियमों की अनदेखी मिलने पर संबंधित विक्रेताओं के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की जा रही है।
इसी अभियान के तहत जिले के विभिन्न विकासखंडों में दर्जनों विक्रय परिसरों और सहकारी संस्थानों की जांच की गई। धमतरी विकासखंड के कोलियारी स्थित मेसर्स मधु कृषि केन्द्र में अनियमितता पाए जाने पर विक्रेता का लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया। वहीं अछोटा के मेसर्स गंगबेर कृषि केन्द्र और खरेंगा के मेसर्स शिवम ट्रेडर्स पर विक्रय प्रतिबंध लगाया गया है।
आठ विक्रेताओं को नोटिस
जांच के दौरान अनियमितता पाए जाने पर विभाग ने मेसर्स अनल एग्रो एजेंसी दानीटोला, मेसर्स हिमांशु कृषि केन्द्र कोलियारी, मेसर्स धमतरी कृषि केन्द्र भोयना, मां कर्मा कृषि केन्द्र भटगांव, मेसर्स साहू ट्रेडर्स अकलाडोंगरी, मेसर्स किसान मितान कोलियारी, मेसर्स सिन्हा कृषि केन्द्र कोलियारी और मेसर्स हर्षिका कृषि केन्द्र कोलियारी को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। सभी को निर्धारित समय-सीमा में अपना जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
दर, बिल और स्टॉक पर विभाग की नजर
कृषि विभाग द्वारा उर्वरक एवं कीटनाशकों की उपलब्धता, गुणवत्ता, भंडारण, स्टॉक, वितरण और विक्रय दर की लगातार निगरानी की जा रही है। अधिकारियों के अनुसार किसानों को निर्धारित मूल्य से अधिक दर पर सामग्री बेचना, बिना बिल बिक्री करना, स्टॉक में गड़बड़ी करना अथवा गुणवत्ता से संबंधित अनियमितता सामने आने पर संबंधित विक्रेता के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। जरूरत पड़ने पर लाइसेंस निलंबित करने के साथ उसे निरस्त भी किया जा सकता है।
किसानों से बिल लेने की अपील
कृषि विभाग ने किसानों से अपील की है कि वे खाद एवं कीटनाशक की खरीदी केवल सहकारी समितियों अथवा अधिकृत निजी विक्रय केंद्रों से ही करें। प्रत्येक खरीद पर पक्का बिल अवश्य लें और निर्धारित दर से अधिक भुगतान न करें। अधिक कीमत वसूली, कालाबाजारी, बिना बिल बिक्री अथवा सामग्री की गुणवत्ता को लेकर संदेह होने पर तत्काल कृषि विभाग के संबंधित कार्यालय को सूचना देने की अपील की गई है। शिकायत मिलने पर विभाग द्वारा जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

