नगरी में युवा संगम समारोह संपन्न, व्यक्तित्व विकास और राष्ट्र निर्माण पर हुआ मंथन
युवाओं को सामूहिकता, नेतृत्व क्षमता और राष्ट्रीय चरित्र निर्माण के लिए किया प्रेरित
नगरी। युवाओं में व्यक्तित्व विकास, समय प्रबंधन, लक्ष्य निर्धारण और नेतृत्व क्षमता को बढ़ावा देने के साथ राष्ट्रभाव जागृत करने के उद्देश्य से नगरी में युवा संगम समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में हिंदुत्व की समग्र एवं सांस्कृतिक दृष्टि, राष्ट्रीय चरित्र निर्माण, राष्ट्र के लिए कार्य करने की प्रेरणा तथा आदर्श व्यक्तित्वों के जीवन से सीख लेने जैसे विषयों पर विचार-विमर्श किया गया। इस दौरान अनुभवी कार्यकर्ताओं ने युवाओं का मार्गदर्शन करते हुए समाज और राष्ट्र के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करने के लिए प्रेरित किया।
खंड संपर्क प्रमुख महेंद्र नेताम ने बताया कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के अवसर पर सात प्रमुख कार्य निर्धारित किए गए हैं, जिनमें युवा संगम भी एक महत्वपूर्ण कार्य है। इसका उद्देश्य युवाओं में सामूहिक रूप से कार्य करने की क्षमता विकसित करना, उनमें सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना जगाना तथा राष्ट्र निर्माण के कार्यों में उनकी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करना है।
समारोह में युवाओं की सहभागिता बढ़ाने के लिए समूह आधारित गतिविधियों और प्रायोगिक सत्रों का आयोजन किया गया। विभिन्न प्रकार के खेल, बौद्धिक एवं शारीरिक प्रतियोगिताओं के माध्यम से युवाओं को अपनी प्रतिभा और क्षमताओं को पहचानने का अवसर मिला। वहीं, चर्चा-परिचर्चा, प्रश्नोत्तर और मुक्त संवाद के जरिए विभिन्न विषयों पर गहन विचार-मंथन किया गया। कार्यक्रम में समय के सदुपयोग, लक्ष्य के प्रति समर्पण और जीवन में अनुशासन के महत्व पर भी जोर दिया गया।
युवा संगम में नगरी खंड के युवाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। आयोजकों के अनुसार, समारोह में लगभग 60 युवाओं की सहभागिता रही, जिनमें युवक और युवतियां शामिल थे। कार्यक्रम के माध्यम से युवाओं को समाजहित में सकारात्मक भूमिका निभाने और अपने व्यक्तित्व को निखारने का संदेश दिया गया।
समारोह में खंड संघचालक डॉ. जीआर देवांगन, कर्णेश्वर संगम तट के दीपक महाराज, राजिम विभाग प्रमुख ठाकुर राम, जिला कार्यवाह धनेश्वर निर्मलकर, मोतीलाल दिवाकर, दिनेश्वरी नेताम, जयप्रकाश साहू, बेदूराम साहू, रेखराम साहू, आरपी साहू, तुलसीराम साहू, परमेश्वर सोनबेर, संतोष निषाद, पार्षद राजा पवार, हेमंत पटेल, खिलेन्द्र साहू सहित एकल विद्यालय के आचार्यगण उपस्थित रहे।
युवा संगम का संदेश रहा कि युवा अपनी ऊर्जा, प्रतिभा और सामर्थ्य का उपयोग समाजहित एवं राष्ट्र निर्माण के लिए करें तथा संगठित होकर सकारात्मक बदलाव की दिशा में आगे बढ़ें।

