लोक भवन रायपुर में ब्रेल पुस्तकों व 3000 से अधिक ऑडियो बुक्स का भव्य विमोचन
धमतरी की शिक्षिका प्रीति शांडिल्य राज्यपाल के करकमलों से सम्मानित
उत्तम साहू
धमतरी, 28 जनवरी 2026। दिव्यांगजनों के शैक्षणिक सशक्तिकरण और समावेशी शिक्षा को बढ़ावा देने की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल के तहत रायपुर स्थित लोक भवन, सिविल लाइन में राज्य स्तरीय गरिमामय कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर महामहिम राज्यपाल छत्तीसगढ़, श्री रमेन डेका ने ‘दिव्यांग महिलाओं की सफलता की कहानी’ तथा ‘छत्तीसगढ़ के वीर’ नामक दो महत्वपूर्ण ब्रेल पुस्तकों का विधिवत विमोचन किया। साथ ही दृष्टिबाधित बच्चों के लिए तैयार की गई 3000 से अधिक ऑडियो बुक्स का लोकार्पण भी किया गया।
कार्यक्रम में धमतरी जिले की समर्पित शिक्षिका श्रीमती प्रीति शांडिल्य को दिव्यांगजनों की शिक्षा के क्षेत्र में किए गए उत्कृष्ट एवं नवाचारी योगदान के लिए राज्यपाल द्वारा सम्मानित किया गया। ब्रेल पुस्तकों के निर्माण और ऑडियो बुक्स अभियान में उनकी सक्रिय भूमिका ने दृष्टिबाधित विद्यार्थियों के लिए शिक्षा के नए अवसर सृजित किए हैं।
लोकार्पित ऑडियो बुक्स में कक्षा 6वीं से 12वीं तक के सभी विषय, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी हेतु विशेष सामग्री, सरगुजिया कहानियां, सामान्य ज्ञान, महिला सशक्तिकरण तथा दिव्यांगजनों के लिए शासकीय योजनाओं से संबंधित उपयोगी संसाधन शामिल हैं। यह समस्त सामग्री “वर्ल्ड ऑडियो बुक” यूट्यूब चैनल पर एक ही प्लेटफॉर्म पर निःशुल्क उपलब्ध कराई गई है।
राज्यपाल श्री रमेन डेका ने शिक्षकों के इस मानवीय एवं संवेदनशील प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि पुस्तकों का ब्रेल एवं ऑडियो रूपांतरण कर दृष्टिबाधित बच्चों को मुख्यधारा की शिक्षा से जोड़ना समावेशी शिक्षा की उत्कृष्ट मिसाल है। उन्होंने इस पहल को अन्य राज्यों तक विस्तार देने की बात कही।
इस अभियान की प्रेरणा राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित शिक्षिका के. शारदा (दुर्ग) को वर्ष 2024 में मिले सम्मान के बाद मिली। 25 अक्टूबर 2024 से प्रारंभ इस अभियान में उन्होंने स्वयं 800 से अधिक ऑडियो बुक्स तैयार कीं, जो विभिन्न जिलों के शिक्षकों के सहयोग से बढ़कर 3100 से अधिक हो गईं। इससे पूर्व के. शारदा एवं प्रीति शांडिल्य द्वारा संयुक्त रूप से तैयार ब्रेल पुस्तकों की 100-100 प्रतियां छत्तीसगढ़ के 20 ब्रेल विद्यालयों में निःशुल्क वितरित की जा चुकी हैं।
इस अवसर पर कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा ने कहा कि जिले की शिक्षिका प्रीति शांडिल्य सहित सभी शिक्षक साथियों का कार्य प्रेरणादायी एवं अनुकरणीय है, जो शिक्षा को समावेशी बनाने के साथ समाज में सेवा और संवेदनशीलता को सुदृढ़ करता है।
उल्लेखनीय है कि इस ऑडियो बुक निर्माण अभियान में कुल 30 शिक्षकों की सक्रिय सहभागिता रही। राज्यपाल ने सभी योगदानकर्ता शिक्षकों को सम्मानित करते हुए इस पहल को समाज के लिए प्रेरणास्रोत बताया।

