मुसुरपुट्टा के मवेशी बाजार को बंद करने की मांग: जीव रक्षा समिति ने कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन
उत्तम साहू
धमतरी/ नगरी: पशु संरक्षण और गौवंश की रक्षा के संकल्प के साथ, श्री श्रृंगी ऋषि गौशाला जीव रक्षा सेवा समिति, पंडरपानी (सिहावा) ने प्रशासन से मुसुरपुट्टा के साप्ताहिक मवेशी बाजार को तत्काल बंद करने की मांग की है। समिति का आरोप है कि इस बाजार के जरिए गौवंश की तस्करी और अवैध कटाई को बढ़ावा मिल रहा है।
बाजार की नीलामी पर जताई आपत्ति
समिति द्वारा जिला कलेक्टर को प्रेषित पत्र के अनुसार, ग्राम मुसुरपुट्टा (विकासखंड नरहरपुर, जिला कांकेर) में एक साप्ताहिक मवेशी बाजार का आयोजन किया जाता है। हाल ही में एक दैनिक समाचार पत्र में इस बाजार की नीलामी का विज्ञापन प्रकाशित हुआ था, जिसके बाद जीव रक्षा समिति ने इस पर कड़ा ऐतराज जताया है।
तस्करी और कत्लखाने का गंभीर आरोप
समिति के अध्यक्ष प्रिंस गोलछा ने पत्र में स्पष्ट रूप से उल्लेख किया है कि इस बाजार में मुख्य रूप से बूढ़े और कमजोर मवेशियों की खरीद-बिक्री की जाती है। ज्ञापन में दावा किया गया है कि: "इस बाजार से खरीदे गए अधिकांश मवेशियों को अवैध रूप से ओडिशा ले जाया जाता है, जहाँ कत्लखानों में उनकी हत्या कर दी जाती है और गौ-मांस का व्यापार किया जाता है।"
प्रशासन से न्याय की गुहार
समिति ने कलेक्टर से "करबद्ध प्रार्थना" करते हुए इस मवेशी बाजार को जनहित और जीव रक्षा के हित में तुरंत बंद करने का आग्रह किया है। पत्र पर समिति के प्रमुख पदाधिकारियों के नाम अंकित हैं, जिनमें अध्यक्ष: प्रिंस गोलछा,कोषाध्यक्ष: अनिल वाधवानी,सचिव: श्रीमती अनीता जैन सहित हिंदू संगठन के लोग शामिल हैं।
01 अप्रैल 2026 को प्रशासन को यह शिकायत प्राप्त हो चुकी है। अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस संवेदनशील मुद्दे पर क्या कार्रवाई करता है।

