147 मीटर की छलांग... 48 की उम्र में अमित जोगी ने जीता डर, कहा 'ऊंचाई पर नहीं, खुद से हुई मुलाकात'

0

 

147 मीटर की छलांग... 48 की उम्र में अमित जोगी ने जीता डर, कहा 'ऊंचाई पर नहीं, खुद से हुई मुलाकात'



उत्तम साहू 

उत्तराखंड। रायपुर। जिंदगी में कुछ लम्हे ऐसे होते हैं, जो सिर्फ रोमांच नहीं, बल्कि इंसान के भीतर छिपे साहस और आत्मविश्वास से भी परिचय कराते हैं। जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) के अध्यक्ष अमित जोगी के लिए उत्तराखंड के कुमाऊं हिल्स में 147 मीटर ऊंची बंजी जंप ऐसा ही एक यादगार अनुभव बन गया।

48 वर्ष की उम्र में इतनी ऊंचाई से छलांग लगाना अपने आप में चुनौतीपूर्ण था, लेकिन अमित जोगी ने इस चुनौती को पूरे आत्मविश्वास के साथ स्वीकार किया। हालांकि जंप के दौरान कुछ पल ऐसे भी आए, जब तकनीकी कारणों से रस्सी खोलने में थोड़ी देर हुई। कुछ सेकंड तक वे हवा में उल्टे लटके रहे, जिससे वहां मौजूद लोगों की धड़कनें तेज हो गईं। इंस्ट्रक्टर लगातार स्थिति को संभालने में जुटे रहे और जल्द ही तकनीकी समस्या दूर कर दी गई।

         डर नहीं... भीतर मिली गहरी शांति


इस अनुभव को साझा करते हुए अमित जोगी ने कहा कि उस ऊंचाई पर उल्टा लटके होने के बावजूद उन्हें घबराहट से ज्यादा एक अद्भुत शांति महसूस हुई।

उन्होंने कहा, "उस पल मुझे लगा कि जब इंसान खुद को पूरी तरह परिस्थितियों के हवाले कर देता है, तब भीतर एक अलग ही तरह का आत्मविश्वास और सुकून जन्म लेता है। उस एहसास को शब्दों में बयान करना आसान नहीं है।"

         रोमांच के साथ सुरक्षा भी रही सर्वोपरि


तकनीकी दिक्कत दूर होने के बाद पूरी बंजी जंप प्रक्रिया सुरक्षित तरीके से पूरी हुई। सुरक्षा टीम पूरे समय सतर्क रही और सभी मानकों का पालन करते हुए अमित जोगी को सुरक्षित ऊपर खींच लिया गया। सफल जंप के बाद वहां मौजूद लोगों ने राहत की सांस ली और उनके साहस की सराहना की।

उम्र नहीं, हौसला तय करता है ऊंचाई

अमित जोगी का यह अनुभव केवल एक एडवेंचर स्पोर्ट्स की कहानी नहीं, बल्कि यह संदेश भी देता है कि चुनौतियां उम्र देखकर नहीं आतीं और न ही उन्हें पार करने के लिए उम्र मायने रखती है। यदि आत्मविश्वास, धैर्य और हौसला साथ हो, तो हर ऊंचाई को छुआ जा सकता है।

Post a Comment

0Comments

Please Select Embedded Mode To show the Comment System.*

#buttons=(Accept !) #days=(20)

Our website uses cookies to enhance your experience. Learn More
Accept !