निजी भूमि पर कथित अवैध निर्माण का मामला गरमाया, ग्रामीणों ने निर्माण कार्य रोकने की उठाई मांग
कल्लेमेटा में दूसरे व्यक्ति की जमीन पर निर्माण कराने का आरोप, राजस्व विभाग से निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग
नगरी। विकासखंड नगरी के अंतर्गत ग्राम कल्लेमेटा में निजी भूमि पर कथित अवैध कब्जा एवं निर्माण कार्य को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। कुछ ग्रामीणों ने प्रशासन से शिकायत कर भूमि पर किए जा रहे निर्माण कार्य को तत्काल रोकने तथा पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। वहीं संबंधित विभागीय अधिकारियों ने शिकायत मिलने के बाद मामले में आवश्यक जांच एवं कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
ग्रामीणों की शिकायत के अनुसार ग्राम कल्लेमेटा स्थित खसरा क्रमांक 5, 8, 114 एवं 393 की कुल लगभग 4.38 हेक्टेयर (करीब 11 एकड़) भूमि राजस्व अभिलेखों में आनंद पिता स्वराजमल, निवासी बिलासपुर के नाम पर दर्ज है। आरोप है कि उक्त भूमि पर वर्तमान में एक अन्य व्यक्ति द्वारा भवन निर्माण कार्य कराया जा रहा है, जिससे भूमि स्वामित्व एवं वैधानिक अधिकारों को लेकर विवाद की स्थिति निर्मित हो गई है।
शिकायतकर्ताओं का कहना है कि भूमि के स्वामित्व को लेकर स्पष्ट जांच किए बिना निर्माण कार्य जारी रहने से भविष्य में राजस्व एवं कानून-व्यवस्था संबंधी समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। इसलिए निर्माण कार्य को तत्काल प्रभाव से रोककर मामले की निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि भूमि निजी स्वामित्व की है, तो उस पर किसी अन्य व्यक्ति द्वारा कब्जा कर निर्माण कार्य कराना गंभीर मामला है, जिसकी निष्पक्ष जांच आवश्यक है।
क्षेत्रवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि संबंधित भूमि के स्वामित्व, कब्जे और निर्माण कार्य की वैधानिक स्थिति की जांच कर दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाए। साथ ही निर्माण कार्य पर तत्काल रोक लगाकर वास्तविक भूमि स्वामी को न्याय दिलाया जाए।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि मामले में शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो वे उच्च अधिकारियों से शिकायत करने के साथ आंदोलन का रास्ता भी अपना सकते हैं। वहीं विभागीय अधिकारियों ने कहा है कि प्राप्त शिकायत के आधार पर मामले की जांच कर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल पूरे मामले को लेकर क्षेत्र में चर्चा का माहौल है और ग्रामीण प्रशासन की कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं।

