धमतरी पुलिस ने नशे के कारोबारियों पर किया अब तक का सबसे बड़ा आर्थिक प्रहार
मुंबई की SAFEMA कोर्ट ने 35.85 लाख रुपये से अधिक की चल-अचल संपत्ति फ्रीज करने के आदेश की पुष्टि की
उत्तम साहू,धमतरी। मादक पदार्थों के अवैध कारोबार के खिलाफ धमतरी पुलिस ने अब तक की सबसे बड़ी आर्थिक कार्रवाई करते हुए नशे के कारोबार से अर्जित 35.85 लाख रुपये से अधिक की चल-अचल संपत्ति फ्रीज कराई है। मुंबई स्थित सक्षम प्राधिकारी SAFEMA/NDPSA द्वारा दो अलग-अलग मामलों में धमतरी पुलिस के फ्रीजिंग आदेश की पुष्टि की गई है। यह कार्रवाई नशे के कारोबारियों के आर्थिक नेटवर्क पर पुलिस के सीधे प्रहार के रूप में देखी जा रही है।
पुलिस महानिरीक्षक रायपुर रेंज के निर्देशन एवं पुलिस अधीक्षक धमतरी के मार्गदर्शन में जिले में मादक पदार्थों के अवैध कारोबार के विरुद्ध विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत पुलिस ने अब कार्रवाई को केवल गिरफ्तारी और न्यायालयीन प्रकरणों तक सीमित न रखते हुए, नशे के कारोबार से अर्जित अवैध संपत्तियों को चिन्हांकित कर उन पर भी कार्रवाई शुरू की है।
नगर पुलिस अधीक्षक धमतरी एवं थाना प्रभारी सिटी कोतवाली द्वारा विस्तृत जांच, वित्तीय विश्लेषण और दस्तावेजों के आधार पर आरोपियों की संपत्तियों की जानकारी जुटाई गई। जांच में बैंक खातों, फिक्स्ड डिपॉजिट, बीमा योजनाओं, वाहनों और अचल संपत्तियों में निवेश का पता चला। इसके बाद NDPS Act, 1985 की धारा 68F के तहत संपत्तियों को फ्रीज करने की कार्रवाई की गई और प्रकरण सक्षम प्राधिकारी SAFEMA/NDPSA, मुंबई के समक्ष प्रस्तुत किए गए।
आरती रजक की 12.93 लाख रुपये की संपत्ति फ्रीज
पहले SAFEMA प्रकरण में आरोपी आरती रजक, पत्नी स्वर्गीय राम रजक से संबंधित बैंक खातों एवं अन्य निवेशों की जांच में कुल 12,93,636.76 रुपये मूल्य की संपत्ति फ्रीज की गई। इसमें बैंक खाते, फिक्स्ड डिपॉजिट और अन्य वित्तीय निवेश शामिल हैं। सक्षम प्राधिकारी द्वारा संबंधित पक्ष को सुनवाई का अवसर देने के बाद उपलब्ध दस्तावेजों एवं साक्ष्यों के परीक्षण के आधार पर 23 जुलाई 2026 को फ्रीजिंग आदेश की पुष्टि की गई।
करण सिंह धुरी और परिजनों की 22.91 लाख रुपये की संपत्ति पर कार्रवाई
दूसरे SAFEMA प्रकरण में आरोपी करण सिंह धुरी, उसकी पत्नी उषा बाई धुरी और पुत्री जाइका धुरी से संबंधित बैंक खातों, वाहन एवं अचल संपत्तियों सहित कुल 22,91,479.75 रुपये मूल्य की संपत्ति फ्रीज की गई।
प्रकरण में संबंधित पक्षों को सुनवाई का पर्याप्त अवसर दिया गया, लेकिन संपत्तियों के वैध आय स्रोत के संबंध में संतोषजनक दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए जा सके। उपलब्ध साक्ष्यों और अभिलेखों के आधार पर सक्षम प्राधिकारी SAFEMA/NDPSA, मुंबई ने 23 जुलाई 2026 को थाना सिटी कोतवाली धमतरी के फ्रीजिंग आदेश की पुष्टि कर दी।
कुल 35.85 लाख रुपये की संपत्ति फ्रीज
दोनों SAFEMA प्रकरणों में नशे के अवैध कारोबार से जुड़े आरोपियों की कुल 35,85,116.51 रुपये मूल्य की चल-अचल संपत्ति फ्रीज की गई है। सक्षम प्राधिकारी के समक्ष प्रस्तुत साक्ष्यों एवं अभिलेखों के आधार पर इन संपत्तियों का संबंध अवैध मादक पदार्थों की तस्करी और उससे अर्जित आय से पाया गया।
धमतरी पुलिस के अनुसार संबंधित आरोपियों के विरुद्ध पूर्व में NDPS Act के तहत अपराध दर्ज हैं और PITNDPS Act के तहत भी वैधानिक कार्रवाई की जा चुकी है। पुलिस अब नशे के कारोबारियों के आर्थिक नेटवर्क को चिन्हांकित कर उनकी अवैध कमाई और संपत्तियों पर भी कार्रवाई कर रही है।
धमतरी पुलिस ने स्पष्ट संदेश दिया है कि नशे का कारोबार करने वालों पर अब केवल गिरफ्तारी तक कार्रवाई सीमित नहीं रहेगी, बल्कि उनकी अवैध कमाई और संपत्तियों पर भी सीधा आर्थिक प्रहार किया जाएगा।
पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि मादक पदार्थों की बिक्री, परिवहन, संग्रहण अथवा अन्य अवैध गतिविधियों की जानकारी तत्काल पुलिस को दें। सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान गोपनीय रखी जाएगी।
धमतरी पुलिस का संदेश है—नशे के खिलाफ अपराध भी रोकेंगे और अवैध कमाई पर भी प्रहार करेंगे।

