श्रमिक परिवारों के सपनों को पंख, धमतरी के सात बच्चों का आवासीय विद्यालयों में चयन
उत्तम साहू,धमतरी, 26 अगस्त 2026। आर्थिक परिस्थितियां अब प्रतिभा की राह में रोड़ा नहीं बनेंगी। श्रमिक परिवारों के मेधावी बच्चों को बेहतर शिक्षा और उज्ज्वल भविष्य का अवसर देने के उद्देश्य से संचालित अटल उत्कृष्ट शिक्षा योजना धमतरी जिले में नई उम्मीद की कहानी लिख रही है। योजना के तहत जिले के सात प्रतिभावान बच्चों को प्रतिष्ठित निजी आवासीय विद्यालयों में कक्षा छठवीं में प्रवेश मिला है।
राजधानी रायपुर के पं. दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में आयोजित सम्मान समारोह में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने चयनित बच्चों और उनके अभिभावकों का सम्मान किया। मुख्यमंत्री ने बच्चों से आत्मीय संवाद किया और उनके साथ भोजन कर उनका उत्साह बढ़ाया। उन्होंने कहा कि निर्माण श्रमिकों के बच्चों को भी देश के बेहतर निजी विद्यालयों में पढ़ने का समान अवसर मिलना चाहिए। इसी सोच के साथ सरकार उनकी शिक्षा का पूरा खर्च वहन कर रही है।
सात बच्चों को मिला सुनहरा अवसर
शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए धमतरी जिले से चयनित सात बच्चों में ग्राम श्यामतराई की याचना साहू, ग्राम सिर्री की भाव्या, ग्राम रीवागहन के नैतिक कुमार, ग्राम चटौद की धारनी साहू, ग्राम गुजरा के नागेन्द्र कुमार, ग्राम देमार की पूजा मीनपाल और ग्राम खट्टी की रागिनी साहू शामिल हैं।
इन बच्चों को अटल उत्कृष्ट शिक्षा योजना के तहत अनुबंधित नौ जिलों के निजी आवासीय विद्यालयों में कक्षा छठवीं से बारहवीं तक निःशुल्क शिक्षा मिलेगी। पढ़ाई के साथ आवास और आवश्यक शैक्षणिक सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी।
पढ़ाई के साथ व्यक्तित्व विकास पर भी जोर
योजना का उद्देश्य केवल बच्चों को बेहतर विद्यालय उपलब्ध कराना नहीं, बल्कि उन्हें ऐसा वातावरण देना है जहां वे आत्मविश्वास, अनुशासन और नई क्षमताओं के साथ आगे बढ़ सकें। आवासीय विद्यालयों में अध्ययन के दौरान बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों और विभिन्न प्रतियोगी अवसरों का लाभ भी मिलेगा।
इससे श्रमिक परिवारों पर बच्चों की उच्च शिक्षा का आर्थिक दबाव कम होगा और प्रतिभावान विद्यार्थियों को अपनी क्षमता के अनुरूप आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा।
कलेक्टर ने दी शुभकामनाएं
कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने धमतरी के सात बच्चों के चयन को जिले के लिए गौरव का विषय बताया। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रतिभावान बच्चे की शिक्षा आर्थिक परिस्थितियों के कारण बाधित नहीं होनी चाहिए। अटल उत्कृष्ट शिक्षा योजना ऐसे ही बच्चों के सपनों को नई उड़ान देने वाली महत्वपूर्ण पहल है।
उन्होंने चयनित विद्यार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि वे पूरी लगन और मेहनत से पढ़ाई करें, अपने माता-पिता और जिले का नाम रोशन करें तथा भविष्य में समाज और देश के विकास में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं।
अटल उत्कृष्ट शिक्षा योजना ने इन सात बच्चों के लिए केवल स्कूल का दरवाजा नहीं खोला है, बल्कि उनके सपनों को मंजिल तक पहुंचाने की एक नई राह भी तैयार की है।
धमतरी जिले के इन 7 होनहार बच्चों ने साबित कर दिया कि मेहनत और लगन से कोई भी मुकाम हासिल किया जा सकता है। श्रमिक परिवारों के इन बच्चों का चयन छत्तीसगढ़ के प्रतिष्ठित आवासीय विद्यालयों में हुआ है, जहां उन्हें मुफ्त शिक्षा और बेहतर सुविधाएं मिलेंगी।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अटल उत्कृष्ट शिक्षा योजना से प्रदेश के हजारों श्रमिक परिवारों के बच्चों को उज्जवल भविष्य मिल रहा है।

