साइबर अपराध के खिलाफ धमतरी पुलिस का जागरूकता अभियान तेज, 30 से अधिक गांवों में पहुंचा डिजिटल सुरक्षा का संदेश

0

 

साइबर अपराध के खिलाफ धमतरी पुलिस का जागरूकता अभियान तेज, 30 से अधिक गांवों में पहुंचा डिजिटल सुरक्षा का संदेश

महिलाओं, छात्राओं और नागरिकों को स्मार्टफोन प्राइवेसी, सोशल मीडिया सुरक्षा एवं ऑनलाइन ठगी से बचाव की दी जानकारी

उत्तम साहू,धमतरी, 08 सितंबर 2026। साइबर अपराध के लगातार बदलते तरीकों और बढ़ते ऑनलाइन फ्रॉड के बीच धमतरी पुलिस ने आम नागरिकों को डिजिटल रूप से सुरक्षित बनाने के लिए अपना जागरूकता अभियान तेज कर दिया है। छत्तीसगढ़ पुलिस के प्रदेशव्यापी “साइबर जागृति अभियान” के तहत पुलिस अधीक्षक धमतरी श्रीमती भावना पांडेय (भा.पु.से.) के निर्देशन में जिलेभर में व्यापक जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।

15 अगस्त से 02 अक्टूबर तक चल रहे इस विशेष अभियान के चौथे सप्ताह में स्मार्टफोन प्राइवेसी, सोशल मीडिया सुरक्षा, सुरक्षित ब्राउज़िंग और ऑनलाइन ठगी से बचाव को विशेष प्राथमिकता दी जा रही है।

इसी क्रम में 07 सितंबर 2026 को जिले के विभिन्न थाना एवं चौकी क्षेत्रों में पुलिस टीमों ने 30 से अधिक गांवों, शैक्षणिक संस्थानों, बस स्टैंडों और प्रमुख प्रशासनिक परिसरों में पहुंचकर साइबर सुरक्षा के प्रति लोगों को जागरूक किया। इस दौरान 1,435 से अधिक नागरिकों, ग्रामीणों तथा छात्र-छात्राओं तक साइबर अपराधों से बचाव का संदेश पहुंचाया गया।


“मोबाइल आपका है, सुरक्षा की जिम्मेदारी भी आपकी”

जागरूकता कार्यक्रमों के दौरान विशेष रूप से महिलाओं एवं छात्राओं को स्मार्टफोन की प्राइवेसी सेटिंग्स, मजबूत पासवर्ड बनाने, सुरक्षित ब्राउज़िंग करने और सोशल मीडिया का सावधानीपूर्वक उपयोग करने की जानकारी दी गई।

पुलिस टीमों ने संदिग्ध लिंक, फर्जी सोशल मीडिया प्रोफाइल और ऑनलाइन उत्पीड़न जैसे मामलों की पहचान कर उनसे बचाव के तरीके भी बताए। नागरिकों को समझाइश दी गई कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की स्थिति में तत्काल संबंधित एजेंसी या पुलिस को सूचना दें।


OTP और UPI PIN किसी से साझा न करें

धमतरी पुलिस ने नागरिकों को स्पष्ट रूप से आगाह किया कि OTP, UPI PIN, ATM या डेबिट कार्ड की जानकारी, बैंक खाते का विवरण, पासवर्ड अथवा अन्य गोपनीय जानकारी किसी भी व्यक्ति के साथ साझा न करें।

अनजान लिंक पर क्लिक करने, किसी अनजान व्यक्ति के कहने पर स्क्रीन शेयर करने या बिना सत्यापन के पैसे ट्रांसफर करने से बचने की अपील की गई।


फर्जी प्रोफाइल बनाकर ठगी करने वालों से रहें सावधान

अभियान के दौरान लोगों को बताया गया कि साइबर अपराधी कई बार परिचित, रिश्तेदार या मित्र के नाम से फर्जी सोशल मीडिया प्रोफाइल बनाकर आर्थिक सहायता या पैसे की मांग करते हैं।

ऐसी किसी भी स्थिति में पैसे भेजने से पहले संबंधित व्यक्ति से सीधे संपर्क कर जानकारी का सत्यापन करना जरूरी है। पुलिस ने नागरिकों से अपील की कि किसी अनजान वेबसाइट या व्यक्ति को अपनी निजी एवं वित्तीय जानकारी उपलब्ध न कराएं।


ठगी होते ही तुरंत करें 1930 पर शिकायत

धमतरी पुलिस ने साइबर ठगी के मामलों में त्वरित कार्रवाई के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि ठगी का शिकार होने पर घबराने के बजाय तत्काल कार्रवाई करें।

नागरिकों से अपील की गई है कि साइबर ठगी की स्थिति में तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत करें तथा नजदीकी थाना या साइबर सेल को सूचना दें। पीड़ित व्यक्ति नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल पर भी ऑनलाइन शिकायत दर्ज कर सकता है।

समय पर सूचना मिलने से ठगी की राशि को रोकने और आवश्यक कार्रवाई की संभावना बढ़ जाती है।


धमतरी पुलिस का संदेश

“एक क्लिक से पहले सोचें, जानकारी साझा करने से पहले जांचें और ठगी होते ही 1930 पर शिकायत करें।”

धमतरी पुलिस द्वारा साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए जागरूकता अभियान के साथ-साथ आवश्यक वैधानिक कार्रवाई भी लगातार की जा रही है। पुलिस ने नागरिकों से सुरक्षित डिजिटल व्यवहार अपनाने और अपने परिवार तथा आसपास के लोगों को भी साइबर अपराधों के प्रति जागरूक करने की अपील की है।

Post a Comment

0Comments

Please Select Embedded Mode To show the Comment System.*

#buttons=(Accept !) #days=(20)

Our website uses cookies to enhance your experience. Learn More
Accept !