नगरी में कुपोषण के खिलाफ महिला एवं बाल विकास विभाग की पहल ‘घर-घर मुनगा’ हर घर मुनगा’अभियान से कुपोषण पर वार

0

नगरी में कुपोषण के खिलाफ महिला एवं बाल विकास विभाग की पहल ‘घर-घर मुनगा’ हर घर मुनगा’अभियान से कुपोषण पर वार



पोषण के प्रति जागरूकता बढ़ाने पर जोर, बच्चों और महिलाओं के बेहतर स्वास्थ्य का लक्ष्य



उत्तम साहू,नगरी। सेवा संकल्प अभियान के तहत महिला एवं बाल विकास विभाग, जिला धमतरी द्वारा कुपोषण की समस्या से निपटने और आमजन में पोषण एवं स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से ‘आंगन मिलन सेवा कार्यक्रम’ आयोजित किया जा रहा है। इस पहल के माध्यम से घर-घर मुनगा (सहजन) का पौधा लगाने और इसके पोषण संबंधी महत्व को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। विभाग का संदेश है—‘घर-घर मुनगा, हर घर मुनगा’, ताकि प्रत्येक परिवार अपने घर और आसपास मुनगा लगाकर पोषण को बढ़ावा देने में सहभागी बन सके।


महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारी सोमेंद्र कुमार साहू ने अभियान के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए कहा कि मुनगा पोषक तत्वों से भरपूर होता है और इसे दैनिक आहार में शामिल करने से परिवार के पोषण स्तर को बेहतर बनाने में मदद मिल सकती है। विभाग का प्रयास है कि लोगों को स्थानीय स्तर पर उपलब्ध पौष्टिक खाद्य पदार्थों के महत्व के प्रति जागरूक किया जाए, जिससे बच्चों, महिलाओं और परिवार के अन्य सदस्यों के स्वास्थ्य में सुधार लाया जा सके।


 मुनगा का पौधा, पोषण की दिशा में महत्वपूर्ण पहल


मुनगा यानी सहजन की पत्तियां और फलियां पोषक तत्वों के अच्छे स्रोत हैं। इसकी पत्तियों में विटामिन, खनिज और अन्य उपयोगी पोषक तत्व पाए जाते हैं। इसे भोजन में शामिल करना पोषण विविधता बढ़ाने का एक सरल उपाय हो सकता है। इसी को ध्यान में रखते हुए विभाग मुनगा के पौधारोपण को जनभागीदारी से जोड़ने पर जोर दे रहा है।


‘घर-घर मुनगा, हर घर मुनगा’ का संदेश केवल पौधा लगाने तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य परिवारों को पोषण के प्रति जागरूक करना और स्थानीय संसाधनों के माध्यम से सुपोषण को बढ़ावा देना भी है। घरों, आंगनबाड़ियों और उपलब्ध खाली स्थानों पर मुनगा के पौधे लगाने से भविष्य में परिवारों को पौष्टिक आहार का एक उपयोगी स्रोत मिल सकता है।


 कुपोषण मुक्त छत्तीसगढ़ की दिशा में सामूहिक प्रयास


‘आंगन मिलन सेवा कार्यक्रम’ के माध्यम से बच्चों के बेहतर स्वास्थ्य, महिलाओं के पोषण और स्वस्थ परिवार की अवधारणा को मजबूत करने का लक्ष्य रखा गया है। कुपोषण से लड़ने के लिए पौष्टिक भोजन के साथ स्वास्थ्य संबंधी जागरूकता, संतुलित आहार और नियमित देखभाल भी जरूरी है। ऐसे में विभाग की यह पहल स्थानीय स्तर पर पोषण के प्रति व्यवहार में सकारात्मक बदलाव लाने में सहायक हो सकती है।


सेवा संकल्प अभियान का व्यापक उद्देश्य जनसेवा और जनभागीदारी के माध्यम से समाज के विभिन्न वर्गों तक कल्याणकारी संदेश पहुंचाना है। इसी क्रम में मुनगा के पौधारोपण और उसके पोषण संबंधी महत्व को प्रचारित कर लोगों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।


महिला एवं बाल विकास विभाग की यह पहल स्वस्थ परिवार, सुपोषित बच्चों और जागरूक समाज के निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। जनभागीदारी से ‘घर-घर मुनगा, हर घर मुनगा’ का संदेश साकार होता है, तो यह कुपोषण की चुनौती से निपटने और स्वस्थ, सुपोषित एवं समृद्ध छत्तीसगढ़ के लक्ष्य को आगे बढ़ाने में योगदान दे सकता है।


Post a Comment

0Comments

Please Select Embedded Mode To show the Comment System.*

#buttons=(Accept !) #days=(20)

Our website uses cookies to enhance your experience. Learn More
Accept !