धमतरी पुलिस की अनूठी पहल: डीजीपी ने किया ‘पुलिस की पाठशाला’ का शुभारंभ, अब सपनों को मिलेगी नई उड़ान
कार्यक्रम में डीजीपी अरुण देव गौतम ने पुस्तकालय का अवलोकन करते हुए कहा कि “पुलिस की पाठशाला केवल एक पुस्तकालय नहीं, बल्कि युवाओं के सपनों को नई दिशा देने वाला ज्ञान का केंद्र है। यह पुलिस और समाज के बीच विश्वास और सहभागिता का उत्कृष्ट उदाहरण है।” उन्होंने प्रदेश के सभी जिलों में इस तरह की पहल शुरू किए जाने की आवश्यकता भी जताई।
युवाओं के सपनों का लॉन्च पैड बनेगी पाठशाला
पुलिस अधीक्षक सूरज सिंह परिहार ने कहा कि धमतरी पुलिस की टैगलाइन ‘जन सेवा • सुरक्षा • विश्वास’ को साकार करने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने बताया कि यहां UPSC, CGPSC, SSC, बैंकिंग, रेलवे, व्यापम, शिक्षक भर्ती, पटवारी सहित विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए आवश्यक पुस्तकें और अध्ययन सामग्री निःशुल्क उपलब्ध कराई जाएगी।
इसके साथ ही विद्यार्थियों को करियर काउंसलिंग, इंटरव्यू गाइडेंस, व्यक्तित्व विकास, स्पोकन इंग्लिश, डिक्शनरी, रेफरेंस बुक्स और प्रेरणादायक साहित्य जैसी सुविधाएं भी मिलेंगी।
पुस्तकों को बनाएं अपना मित्र: कलेक्टर
कार्यक्रम में कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने युवाओं को पुस्तकों से मित्रता करने का संदेश देते हुए कहा कि “ज्ञान ही सफलता का सबसे बड़ा माध्यम है। जो युवा पुस्तकों से जुड़ते हैं, वे निश्चित रूप से जीवन में बड़ी उपलब्धियां हासिल करते हैं।”
वहीं डीएफओ श्रीकृष्ण जाधव ने इस पहल को समाज के विकास और युवाओं के उज्ज्वल भविष्य के लिए महत्वपूर्ण बताते हुए इसकी सराहना की।
समाज ने भी बढ़ाया सहयोग का हाथ
“पुलिस की पाठशाला” को जनभागीदारी का भी भरपूर समर्थन मिला। विभिन्न सामाजिक संगठनों, शिक्षण संस्थानों, चिकित्सकों, जनप्रतिनिधियों और नागरिकों ने बड़ी संख्या में पुस्तकें दान कर इस अभियान में सहभागिता निभाई। रेडक्रॉस सोसायटी, रोटरी क्लब, लायंस क्लब, इनरव्हील क्लब, चैंबर ऑफ कॉमर्स, शिक्षक संघ और कई समाजसेवी संस्थाओं ने इस पहल को शिक्षा के क्षेत्र में मील का पत्थर बताया।
कार्यक्रम में सहयोग देने वाले समाजसेवियों, संस्थाओं और अधिकारियों को प्रशस्ति पत्र एवं स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित भी किया गया।
हजारों युवाओं के लिए बनेगा मार्गदर्शन केंद्र
डीजीपी अरुण देव गौतम, श्रीमती ज्योति गौतम, कलेक्टर अबिनाश मिश्रा, डीएफओ श्रीकृष्ण जाधव, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शैलेन्द्र कुमार पांडेय, सीएसपी अभिषेक चतुर्वेदी सहित प्रशासन, पुलिस विभाग, सामाजिक संगठनों, शिक्षाविदों और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं की मौजूदगी में आयोजित यह कार्यक्रम धमतरी जिले के लिए एक नई शुरुआत साबित हुआ।
धमतरी पुलिस का संकल्प है कि “कोई भी प्रतिभा संसाधनों के अभाव में पीछे न रहे।” इसी सोच के साथ शुरू हुई पुलिस की पाठशाला आने वाले समय में जिले के हजारों युवाओं के लिए सफलता और मार्गदर्शन का केंद्र बनने जा रही है।






