नगरी में हल्दी की वैज्ञानिक खेती को मिलेगा नया आयाम,

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नगरी में हल्दी की वैज्ञानिक खेती को मिलेगा नया आयाम,

 250 किसानों ने खरीदे 10 टन गुणवत्तायुक्त बीज



उत्तम साहू, नगरी,धमतरी, 27 जून 2026। कृषि विविधीकरण को बढ़ावा देने और किसानों की आय में स्थायी वृद्धि सुनिश्चित करने के उद्देश्य से धमतरी जिले के नगरी विकासखंड में हल्दी की वैज्ञानिक खेती को प्रोत्साहित करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल शुरू की गई है। ग्राम पंचायत झुझरकस्सा के आश्रित ग्राम कोर्रेमुडा में जिला पंचायत धमतरी, जनपद पंचायत नगरी और प्रदान संस्था के संयुक्त तत्वावधान में हल्दी की वैज्ञानिक खेती पर एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया।

प्रशिक्षण में नगरी एवं मगरलोड विकासखंड के कृषि मित्रों और पीआरपी ने भाग लेकर हल्दी उत्पादन की आधुनिक तकनीकों का व्यावहारिक प्रशिक्षण प्राप्त किया। विशेषज्ञों ने भूमि की तैयारी, उन्नत एवं रोगमुक्त बीज (राइजोम) का चयन, बीज उपचार, पोषण प्रबंधन, सिंचाई, खरपतवार नियंत्रण, फसल संरक्षण, कटाई और कटाई उपरांत प्रबंधन सहित वैज्ञानिक खेती के सभी पहलुओं की विस्तृत जानकारी दी। साथ ही गुणवत्तापूर्ण उत्पादन के साथ प्रसंस्करण और विपणन के माध्यम से अधिक लाभ अर्जित करने के उपाय भी बताए गए।



इस पहल के तहत अब तक 250 किसानों ने गट्टासिल्ली किसान उत्पादक कंपनी (एफपीसी) के माध्यम से लगभग 10 टन गुणवत्तायुक्त हल्दी बीज खरीदा है। इन बीजों से करीब 270 दिनों में 250 टन हल्दी उत्पादन का लक्ष्य रखा गया है। खेती के प्रत्येक चरण में कृषि मित्रों और एफपीओ द्वारा किसानों को तकनीकी मार्गदर्शन एवं नियमित फील्ड सपोर्ट उपलब्ध कराया जाएगा।

उत्पादित हल्दी का प्रसंस्करण हरिभूमि किसान उत्पादक संगठन के माध्यम से किया जाएगा। इसके लिए जिला पंचायत धमतरी द्वारा कोर्रेमुडा में हल्दी प्रसंस्करण इकाई स्थापित की गई है। प्रसंस्करण के बाद तैयार हल्दी पाउडर का विपणन गट्टासिल्ली किसान उत्पादक कंपनी करेगी, जिससे किसानों को बेहतर बाजार और उचित मूल्य मिल सकेगा


यह पहल किसानों को केवल उत्पादन तक सीमित न रखकर उत्पादन, प्रसंस्करण, ब्रांडिंग और विपणन की संपूर्ण मूल्य श्रृंखला से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।

कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा के मार्गदर्शन में जिले में कृषि आधारित उद्यमिता, किसान उत्पादक संगठनों को सशक्त बनाने तथा मूल्य संवर्धित कृषि उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। अधिकारियों का मानना है कि यह पहल नगरी क्षेत्र की ऊपरी भूमि के बेहतर उपयोग के साथ किसानों के लिए अतिरिक्त और टिकाऊ आय का माध्यम बनेगी। आने वाले वर्षों में क्षेत्रफल विस्तार, वैज्ञानिक खेती, प्रसंस्करण और संगठित विपणन की समन्वित व्यवस्था के जरिए नगरी क्षेत्र को हल्दी उत्पादन एवं मूल्य संवर्धन के उभरते कृषि केंद्र के रूप में विकसित करने का लक्ष्य रखा गया है।

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