शिक्षा और संस्कृति विभाग की भर्तियां भी ईडी के रडार पर, जांच का दायरा बढ़ा
रायपुर। छत्तीसगढ़ में भर्ती प्रक्रियाओं को लेकर चल रही जांच अब और व्यापक होती नजर आ रही है। राज्य लोक सेवा आयोग (सीजीपीएससी) भर्ती परीक्षा 2021 मामले में पहले से सक्रिय केंद्रीय जांच एजेंसी सीबीआई के बाद अब प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) भी अपनी पड़ताल का दायरा बढ़ाने की तैयारी में है।
सूत्रों के अनुसार, ईडी की जांच केवल सीजीपीएससी-2021 तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में विभिन्न विभागों में हुई नियुक्तियों की भी गहन जांच की जा सकती है। जांच एजेंसियों की नजर विशेष रूप से वर्ष 2019 में आयोजित 1,384 सहायक प्राध्यापक पदों की भर्ती परीक्षा पर है, जिसमें एक ही परीक्षा केंद्र से बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों के चयन को लेकर सवाल उठे थे।
इसके अलावा संस्कृति विभाग में वर्ष 2023 में हुई द्वितीय श्रेणी पदों की भर्ती भी जांच के घेरे में आ गई है। इस भर्ती प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं और पात्रता संबंधी विवादों की शिकायतें सामने आने के बाद एजेंसियां दस्तावेजों और चयन प्रक्रिया की पड़ताल कर रही हैं।
जानकारी के मुताबिक, पूर्ववर्ती भूपेश बघेल सरकार के पांच वर्षीय कार्यकाल में सीजीपीएससी के माध्यम से बड़ी संख्या में भर्ती परीक्षाएं आयोजित की गई थीं। ऐसे में अब अन्य भर्ती प्रक्रियाओं की भी जांच होने की संभावना जताई जा रही है। यदि प्रारंभिक जांच में अनियमितताओं के संकेत मिलते हैं, तो आने वाले समय में और विभागों की भर्तियां भी एजेंसियों के रडार पर आ सकती हैं।
फिलहाल जांच एजेंसियां दस्तावेजी साक्ष्य, चयन प्रक्रिया और शिकायतों का परीक्षण कर रही हैं। जांच पूरी होने के बाद ही किसी भी स्तर पर अनियमितता या जिम्मेदारी को लेकर स्पष्ट तस्वीर सामने आएगी।

