जनदर्शन में रोजगार, पेंशन और आवास से जुड़े मामले पहुंचे, कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा ने सुनीं लोगों की समस्याएं
विधवा महिला ने मांगा रोजगार, किसानों ने लंबित राशि दिलाने की लगाई गुहार; भैंसासांकरा को पृथक पंचायत बनाने की मांग भी उठी
धमतरी, 04 नवंबर 2026/ आम नागरिकों की समस्याओं के त्वरित निराकरण और उन्हें प्रशासन तक अपनी बात पहुंचाने का अवसर देने के उद्देश्य से मंगलवार को कलेक्ट्रेट में जनदर्शन आयोजित किया गया। कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा ने जिले के दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों और शहरी वार्डों से पहुंचे लोगों की समस्याएं, शिकायतें एवं मांगें गंभीरता और संवेदनशीलता के साथ सुनीं। जनदर्शन में विभिन्न विषयों से संबंधित कुल 39 आवेदन प्राप्त हुए। कलेक्टर ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को आवेदनों का परीक्षण कर नियमानुसार समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निराकरण करने के निर्देश दिए।
जनदर्शन में रोजगार, आर्थिक सहायता, पेंशन, बैंकिंग, कृषि उपज की बकाया राशि, प्रधानमंत्री आवास और पंचायत गठन जैसे मुद्दे प्रमुखता से सामने आए। गोकुलपुर वार्ड धमतरी की श्रीमती सीता साहू ने विधवा होने का हवाला देते हुए रोजगार अथवा आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने का आग्रह किया। सोरिद नगर वार्ड की श्रीमती कम्मो मसीह ने प्रतिकर राशि दिलाने की मांग रखी। वहीं, ग्राम दर्री के किसान वेदप्रकाश साहू ने बीज निगम कलारतराई में चना विक्रय के बाद शेष भुगतान नहीं मिलने की शिकायत करते हुए लंबित राशि दिलाने का आवेदन दिया।
जलविहार कॉलोनी रूद्री के नोहर लाल साहू ने बैंक खाते से पेंशन की राशि काटे जाने की शिकायत की। तेन्दूभाठा के भानूराम साहू ने नॉमिनी प्रमाण पत्र प्रदान करने के संबंध में आवेदन प्रस्तुत किया।
पृथक पंचायत गठन और आवास योजना का लाभ दिलाने की मांग
ग्राम पंचायत सांकरा के आश्रित ग्राम भैंसासांकरा के ग्रामीणों ने गांव को पृथक ग्राम पंचायत बनाने की मांग उठाई। बगौद की श्रीमती कल्याणी साहू और योगेश्वरी साहू ने प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिलाने का आग्रह किया। इसी गांव की गणेशिया साहू और अहिल्या बाई यादव ने स्वच्छ भारत मिशन के तहत व्यक्तिगत शौचालय स्वीकृत करने की मांग की।
कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा ने कहा कि जनदर्शन आम नागरिकों की समस्याओं और शिकायतों को सीधे सुनने तथा उनके निराकरण का महत्वपूर्ण माध्यम है। प्राप्त आवेदनों पर संबंधित विभागों के अधिकारी गंभीरता से कार्रवाई करें। प्रत्येक आवेदन का नियमानुसार परीक्षण करते हुए गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित किया जाए। आम लोगों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें, यह प्रशासन की प्राथमिकता है।

